मलकापुर शहर में नगर परिषद का चुनाव हुए अब एक से डेढ़ महीना बीत चुका है,
लेकिन सवाल आज भी वही है
जनरल मीटिंग कब होगी?
विकास की दिशा कब तय होगी?
नगर अध्यक्ष महोदय, जरा आम जनता के कामों के तरफ भी ध्यान दिया जाए आपने जो वादे नहीं इरादे कहा था आपने एजुकेशन पर बात की थी चौथी से दसवीं तक दसवीं से 12वीं तक और 2500 स्क्वायर फीट की जगह में लाइब्रेरी बनाने को देने तक लेकिन अभी तक एक भी मीटिंग नहीं हुई है
आज मलकापुर की आम जनता,
अपने-अपने नगर सेवकों के ज़रिए
आपकी ओर उम्मीद भरी नज़रों से देख रही है।
चुनाव से पहले बड़े-बड़े वादे किए गए थे
सड़क, पानी, सफ़ाई, नालियाँ, रोशनी
लेकिन चुनाव के बाद शहर में जो देखा जा रहा है
वो सिर्फ़ सत्कार समारोहों का दौर है
सवाल ये है
क्या मलकापुर की जनता
यूँ ही विकास का रास्ता ताकती रहेगी?
क्या नगर परिषद सिर्फ़ फोटो सेशन और माला पहनाने तक सीमित रहेगी? एक से डेढ़ महीना बीत गया,
लेकिन अब तक एक भी जनरल मीटिंग नहीं आखिरकार मलकापुर शहर में विकास की गाड़ी कब अपनी पटरिया से चलते हुए अपने स्टेशन तक पहुंचेगी क्योंकि आम जनता उसे स्टेशन पर विकास की मॉडल देखने के लिए खड़ी हुई है
ना कोई ठोस निर्णय,
ना कोई टाइमलाइन,
ना कोई जवाबदेही।
नगर अध्यक्ष महोदय,
जनता को वादे नहीं,
काम चाहिए।
घोषणाएँ नहीं,
नतीजे चाहिए।
अब समय आ गया है कि
नगर परिषद व नगर अध्यक्ष जनता को बताए
✔️ विकास कब शुरू होगा?
✔️ जनरल मीटिंग की तारीख़ क्या है?
✔️ शहर के मुद्दों पर निर्णय कब होंगे?
मलकापुर शहर ने आपको कुर्सी दी है,
अब उस कुर्सी की ज़िम्मेदारी निभाने का वक्त है।
सत्कार कब तक?
विकास कब?
वादे नहीं इरादे कब पूरे होंगे
— मलकापुर की जागरूक जनता से किए हुए ऐसी चर्चा मलकापुर शहर में चल रही है

